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मेटा

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इमेज कैप्शन, मेटा अब तक ऐसी सामग्री की जानकारी अमेरिका की नेशनल सेंटर फ़ॉर मिसिंग एंड एक्सप्लॉइटेड चिल्ड्रन (एनसीएमसी) को देता था (फ़ाइल फ़ोटो)

फ़ेसबुक, इंस्टाग्राम और व्हॉट्सऐप जैसे सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म की पैरेंट कंपनी मेटा ने बच्चों की सुरक्षा से जुड़े मामलों की जानकारी सीधे भारतीय साइबर क्राइम पोर्टल को देने पर सहमति जताई है.

मेटा ने बीबीसी संवाददाता दिव्या आर्य को बताया कि कंपनी बच्चों की सुरक्षा से जुड़े मामलों की जानकारी सीधे भारत के साइबर क्राइम पोर्टल से साझा करेगी.

इस पोर्टल का संचालन गृह मंत्रालय के तहत आने वाला इंडियन साइबर क्राइम कोऑर्डिनेशन सेंटर करता है.

मेटा के प्रवक्ता ने बीबीसी को इसकी जानकारी देते हुए बताया, ” हमारे प्लेटफ़ॉर्म पर बच्चों की सुरक्षा हमारी प्राथमिकता है और हम सरकार के साथ मिलकर यह सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध हैं कि ऐसे अपराध करने वालों को उनके कृत्यों के लिए ज़िम्मेदार ठहराया जाए.”

प्रवक्ता ने कहा, ” इस तरह के अपराधों से सामूहिक रूप से निपटने के अपनी कोशिशों को और मज़बूत करने के लिए, मेटा अब बच्चों की सुरक्षा से जुड़े मामलों की सीधे इंडियन साइबर क्राइम कोऑर्डिनेशन सेंटर (I4C) के साइबरक्राइम पोर्टल पर रिपोर्ट करेगा.”

मेटा अब तक ऐसी सामग्री की जानकारी अमेरिका की नेशनल सेंटर फ़ॉर मिसिंग एंड एक्सप्लॉइटेड चिल्ड्रन (एनसीएमईसी) को देता था. इसके बाद एनसीएमईसी संबंधित देशों और वहां की एजेंसियों को इसकी जानकारी देता है, फिर स्थानीय एजेंसियां कार्रवाई करती हैं.

दरअसल, बीबीसी आई ने अपनी पड़ताल में पाया कि इंस्टाग्राम भारत में बच्चों के यौन शोषण से जुड़े विज्ञापनों को प्रसारित कर रहा है. ऐसा करके कंपनी कमाई भी कर रही है. ये विज्ञापन यूज़र्स को मैसेजिंग ऐप टेलीग्राम तक ले जाते हैं, जहाँ ये लोग बच्चों के यौन शोषण वाले वीडियो ख़रीद सकते हैं.

वीडियो कैप्शन, इंस्टाग्राम में छिपी एक भयानक दुनिया का पर्दाफ़ाश

राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग (एनसीपीसीआर) ने भी बीबीसी आई की रिपोर्ट का स्वतः संज्ञान लेते हुए मेटा प्लेटफ़ॉर्म्स को नोटिस जारी किया था. इसके बाद कंपनी के इंडिया हेड को समन भी भेजा गया था.

एजेंसी ने बताया कि सरकार अन्य ऑनलाइन प्लेटफ़ॉर्म्स के साथ भी लगातार संपर्क में है, ताकि वे बच्चों से जुड़े आपत्तिजनक और हानिकारक कंटेंट की सक्रिय रूप से पहचान कर उसे हटाने के लिए आवश्यक क़दम उठाएं.



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